पिछले दिनों बॉलीवुड एक्ट्रेस जैकलीन फर्नेडिज (Jacqueline Fernandez) ने मीडिया कर्मियों से अपील की थी कि उनकी जो तस्वीर सुकेश चंद्रशेखर के साथ सामने आई है उसे वायरल नहीं करें. इस तस्वीर में वह सुकेश के साथ क्लोजी हुईं और उनकी गर्दन पर एक निशान भी नजर आ रहा था. जैकलीन ने इन खबरों का खंडन किया लेकिन सवाल ये है कि ऐसी प्राइवेट तस्वीर लीक कैसे हुई. ऐसा सिर्फ एक्ट्रेस के साथ ही नहीं बल्कि किसी के साथ भी होसकता है. यहां हम आपको ऐसे कुछ कारण बताएंगे जिससे यूजर के फोटो और वीडियो फोन से कैसे लीक हो जाते हैं.

यह भी पढ़ें: Bulli Bai app: दिल्ली पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता नीरज बिश्नोई को असम से गिरफ्तार किया

फोन से कैसे लीक होते हैं प्राइवेट फोटो और वीडियो?

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसमें सबसे बड़ा हाथ मैलेशियस सॉफ्टवेयर का होता है. मैलेशियस सॉफ्टवेयर कई डिवाइसेस पर नजर रखते हैं और ऐसे एक एप्लीकेशन आपके फोन से फोटो या वीडियो को सर्वर को अपलोड कर सकते हैं. आप जब किसी अनजान ऐप को फोटो या गैलरी की एक्सेस पाने की परमिशन देते हैं तो ये आपके लिए डाटा का मिसयूज करता है. ऐसा सेलिब्रिटीज के साथ अक्सर होता है. पासवर्ड गेसिंग के जरिए भी सेलिब्रिटीज के फोटो को लीक कर दिया जाता है. किसी अकाउंट के पासवर्ड को हेस करने के लिए भी सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया जाता है ये काफी आसान प्रिसिंपल पर काम कर सकता है. अगर आपका पासवर्ड आसानी से याद हो सकता है तो वो आसानी से क्रैक हो सकता है इस बात को इस तरह से समझें.

यह भी पढ़ें: UPPCL ने कई पदों पर निकली बंपर वैकेंसी, जानें कब से कब तक कर सकतें है आवेदन

पासवर्ड गेसिंग के ट्रायल और एरर मैथेड के जरिए कंप्यूटर कॉमन पासवर्ड का यूज करने से पासवर्ड को गेस करता है. इस वजह से सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स लोगों को स्ट्रॉन्ग पासवर्ड बनाने की सलाह दी जाती है. इसके बाद सिस्टम लेवल अटैक का इस्तेमाल करके फोटो या वीडियो को लीक करने की कोशिश की जाती है. इसमें प्रोफेशनल्स हैकर्स टारगेट के डिवाइस को हैक करके उसके फोटो या वीडियो को आसानी से शेयर कर लेते हैं. इसके अलावा ये गूगल ड्राइव, फोटोज, iCloud को भी निशाना बनाया जाता है. टारगेट के फोटो एक्सेस करने के लिए सोशल इंजीनियरिंग भी काफी कॉमन मैथेड होता है.

वैसे तो हैकर्स जो iCloud, Dropbox या दूसरे सिस्टम में सेंध लगाते हैं वो इसके लिए सोशल इंजीनियर्स से मदद मांगते हैं. बता दें कि सोशल इंजीनियर्स एक ऐसा तरीका होता है जिससे हैकर्स सोशल टेक्निक का यूज करके जरूरी जानकारी शेयर करवाते हैं.

इसका एक कॉमन तरीका ये होता है कि आप जान-पहचान वाले को भरोसा करके अपना फोन देते हैं और वो आपके फोन से पर्सनल फोटो लीक करवा देता है. इसके लिए किसी टेक्निकल जानकारी की जरूरत नहीं होती है. 

यह भी पढ़ें: बिना लाइन लगाए घर बैठे कैसे बनाएं ई-श्रम कार्ड? जानें आसान तरीके और इसके फायदे