राजस्थान के वरिष्ठ कांग्रेस नेता भंवर लाल शर्मा (Bhanwar Lal Sharma) का रविवार (9 अक्टूबर) को जयपुर में 77 वर्ष की आयु में निधन हो गया. शनिवार को उन्हें बेचैनी की शिकायत के बाद एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया था. वह लम्बे समय से बीमार चल रहे थे. भंवर लाल शर्मा 7 बार विधायक रहे हैं और राजस्थान सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं. 

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भंवर लाल के पार्थिव शरीर को हनुमान नगर स्थित उनके आवास पर ले जाया गया है. श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए उनके पार्थिव शरीर को विद्याधर नगर ब्राह्मण महासभा भवन में रखा जाएगा. अंतिम संस्कार सोमवार (10 अक्टूबर) दोपहर सरदारशहर में किया जाएगा. 

कौन थे भंवर लाल शर्मा?

भंवर लाल शर्मा का जन्म 17 अप्रैल 1945 को राजस्थान के चुरू जिले के सरदारशहर के जैतसीसर गांव में सेवाग्राम और पार्वती देवी के यहां हुआ था. शर्मा ने 17 साल की उम्र में राजनीति में कदम रखा था. 1962 में वे जैतसीसर ग्राम पंचायत के सरपंच बने. वह 1962 से 1982 तक सरपंच रहे. 1982 में वे सरदारशहर पंचायत समिति के प्रमुख चुने गए.

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भंवर लाल शर्मा ने 1985 में अपना पहला राजस्थान विधानसभा चुनाव लोक दल से लड़ा और विधायक बने. इसके बाद वह जनता दल पार्टी में शामिल हो गए. वह 1990 में दूसरी बार विधायक बनने में सफल रहे. उन्हें राजस्थान सरकार में इंदिरा गांधी नहर परियोजना मंत्री बनाया गया था. उन्होंने 1996 में राजस्थान विधानसभा उपचुनाव भी जीता. वह 1998, 2003, 2013 और 2018 के चुनावों में कांग्रेस के टिकट पर विधायक बने.

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भंवर लाल शर्मा के निधन पर शोक जताते हुए राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा, “मेरी गहरी संवेदना है. वह लंबे समय से अस्वस्थ थे. मैं उनके स्वास्थ्य के संबंध में उनके परिवार के सदस्यों के संपर्क में था और मैं कल रात एसएमएस अस्पताल पहुंचा. मैं उनके डॉक्टरों और उनके परिवार से मिला. मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में शक्ति प्रदान करें और दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें.”