केशव प्रसाद मौर्य (Keshav Prasad Maurya) एक बार फिर उत्तर प्रदेश के उप-मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं. वह यूपी विधान परिषद के सदस्य हैं. हालांकि, 2022 के विधानसभा चुनाव में वह चुनावी मैदान में उतरे थे. लेकिन सिराथू सीट से उन्हें हार का सामना करना पड़ा. केशव मौर्य आरएसएस के सदस्य होने के साथ ही वह एक अद्भुत व असीमित व्यक्तित्व हैं. हालांकि, केशव प्रसाद मौर्य पर राम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान भीड़ में हिंसा फैलाने का आरोप भी है.

केशव साल 2002 और 2007 के विधानसभा चुनावों में अपने पहले 2 प्रयासों में बड़ी असफलता हासिल की, लेकिन 2012 में वह सिराथू से विधायक चुने गए थे. वहीं, साल 2017 में  इलाहाबाद जिले के फूलपुर संसदीय क्षेत्र से चुने गए, लेकिन 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव के बाद उन्होंने संसद से इस्तीफा दे दिया. और वह यूपी के डिप्टी सीएम बने, उन्होंने विधान परिषद की सदस्यता ग्रहन की.

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केशव प्रसाद मौर्य का पूरा नाम केशव प्रसाद मौर्य ही हैं. उनका जन्म 7 मई 1969 सिराथू, जिला कौशांबी, उत्तर प्रदेश में हुआ था. केशव के पिता का नाम श्याम लाल मौर्या हैं. वहीं, उनकी माता का नाम धनपति देवी मौर्य है. केशव प्रसाद मौर्य ने राजकुमारी देवी से शादी की हैं. केशव के 2 पुत्र हैं. अगर शिक्षा की बात की जाए तो बता दें कि केशव प्रसाद मौर्य ग्रेजुएट हैं.

केशव प्रसाद मौर्य से जुड़े रोचक तथ्य

केशव प्रसाद मौर्य साल 2012 में सिराथू तहसील से बीजेपी के पहले विधायक बने. ऐसा पहली बार हुआ था जब सिराथू तहसील से बीजेपी का विधायक चुना गया. केशव साल 2002 का विधानसभा चुनाव हार गए थे. उसके बाद उन्होंने बांदा निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ा जहां वे एक निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में खड़े हुए थे. वह इलाहाबाद विधानसभा क्षेत्र से साल 2007 का विधानसभा चुनाव भी हार गए थे जोकि उन्होंने भाजपा उम्मीदवार के रूप में ही लड़ा था.

केशव प्रसाद मौर्य का राजनीतिक घटनाक्रम

2007

केशव प्रसाद मौर्य अपने दूसरे विधानसभा चुनाव में 11,111 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहे. बसपा की पूजा पाल ने 56,198 वोट हासिल किए थे.

2012

केशव प्रसाद मौर्य ने एक सफल अभियान चलाया और वह सिराथू निर्वाचन क्षेत्र से विधायक चुने गए. उन्होंने बसपा के आनंद मोहन को 8863 वोटों से हराया.

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2014

साल 2014 में केशव प्रसाद मौर्य ने फूलपुर सीट से धर्मराज सिंह पटेल को 3,08,308 वोटों के बड़े अंतर से हराया और 16वीं लोकसभा के लिए निर्वाचित हुए.

2017

18 सितंबर 2017 को केशव प्रसाद मौर्य को विधानसभा की तरफ से उत्तर प्रदेश विधान परिषद का सदस्य मनोनीत किया गया.

2017

साल 2017 के चुनावों के बाद केशव प्रसाद मौर्य को योगी आदित्यनाथ की सरकार में उप-मुख्यमंत्री नियुक्त किया गया जिसके बाद उन्होंने सांसद पद से इस्तीफा दे दिया.

केशव प्रसाद मौर्य की संपत्ति के बारे में जानें

केशव प्रसाद मौर्य की साल 2012 में कुल संपत्ति 13.52 करोड़ रुपये थी. फिर साल 2014 के लोकसभा चुनाव में दिए गए हलफनामे के अनुसार उनकी कुल संपत्ति 9.32 करोड़ रुपये थी. साल 2017 से केशव उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री हैं. इस बार के हलफनामे के अनुसार उनकी कुल संपत्ति 8.06 करोड़ रुपये है. उनके पास कुल 1.52 करोड़ रुपये की चल और 6.53 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है.

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